1-Balkand

Shrimadvalmikiya Ramayan

Sarga 44 / Shloka 2 Balkand

Kand 1-Balkand
Sarga 44
Shloka 2

Balkand

77 Sarga
23 Shloka
1/44/2
1-Balkand / Sarga 44 Shloka 2
Shloka
भस्मन्यथाप्लुते राम गङ्गायाः सलिलेन वै ।
सर्वलोकप्रभुर्ब्रह्मा राजानमिदमब्रवीत् ॥१-४४-२॥

Bhashya Content For This Shloka

1 Bhashyas
Shrimadvalmikiya Ramayan (Gitapress) - हिन्दी
Meaning

श्रीराम! इस प्रकार गंगाजीको साथ लिये राजा भगीरथने समुद्रतक जाकर रसातलमें, जहाँ उनके पूर्वज भस्म हुए थे, प्रवेश किया। वह भस्मराशि जब गंगाजीके जलसे आप्लावित हो गयी, तब सम्पूर्ण लोकोंके स्वामी भगवान् ब्रह्माने वहाँ पधारकर राजासे इस प्रकार कहा—॥ १-२॥