1-Balkand / Sarga 19
Shloka 20
Shloka
विरराम महातेजा विश्वामित्रो महामतिः ।स तन्निशम्य राजेन्द्रो विश्वामित्रवचः शुभम् ॥१-१९-२०॥
Sarga 19 / Shloka 20 Balkand