Adhyay 8

Manusmriti

Shloka 218 Chapter Eight

Adhyay 8
Shloka 218

Chapter Eight

Subject: राजधर्मान्तर्गत व्यवहार - निर्णय

420 Shloka
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Adhyay 8 Shloka 218
Shloka
एष धर्मोऽखिलेनोक्तो वेतनादानकर्मणः। अत ऊर्ध्वं प्रवक्ष्यामि धर्मं समयभेदिनाम्॥

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1 Bhashyas
Meaning
(७) की हुई प्रतिज्ञा से फिर जाना (२१८ – २२१)(एषः) यह [८/२१५-२१६] (वेतनादानकर्मण:) वेतन देने का (धर्म:) नियम (अखिलेन + उक्तः) पूर्णरूप से अर्थात् सभी के लिए कहा । (अतः ऊर्ध्वम्) इसके बाद अब (समयभेदिनाम्) की हुई प्रतिज्ञा या व्यवस्था को तोड़ने वालों के लिए (धर्मम्) विधान (प्रवक्ष्यामि) कहूँगा -॥२१८॥