Adhyay 8

Manusmriti

Shloka 188 Chapter Eight

Adhyay 8
Shloka 188

Chapter Eight

Subject: राजधर्मान्तर्गत व्यवहार - निर्णय

420 Shloka
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Adhyay 8 Shloka 188
Shloka
निक्षेपेष्वेषु सर्वेषु विधिः स्यात्परिसाधने। समुद्रे नाप्नुयात्किं चिद्यदि तस्मान्न संहरेत्॥

Bhashya

Meaning
(एषु सर्वेषु निक्षेपेषु) उपर्युक्त सब प्रकार के बिना मुहरबन्द निक्षेपों में (परिसाधने) विवादों का निर्णय करने के लिए (विधि: स्यात्) यह विधि [८११८२ आदि] कही गयी है और (समुद्र) मोहरबन्द धरोहरों में (यदि तस्मात् न हरेत्) यदि उसमें से मुहर को तोड़कर रखने वाला कुछ नहीं लेता है तो (किञ्चित् न+आप्नुयात्) वह किसी दोष का भागी नहीं होता॥१८८॥