Adhyay 7

Manusmriti

Shloka 68 Chapter Seven

Adhyay 7
Shloka 68

Chapter Seven

Subject: राजधर्म विषय

230 Shloka
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Adhyay 7 Shloka 68
Shloka
बुद्ध्वा च सर्वं तत्त्वेन परराजचिकीर्षितम्। तथा प्रयत्नं आतिष्ठेद्यथात्मानं न पीडयेत्॥

Available Bhashyas

1 Bhashyas
Meaning
वह सभापति और सब सभासद् वा दूत आदि (तत्त्वेन) यथार्थ से (परराजचिकीर्षितम्) दूसरे विरोधी राजा के राज्य का अभिप्राय (बुद्ध्वा) जानकर (तथ प्रयत्नम् प्रतिष्ठेत्) वैसा यत्न करे (यथा) कि जिससे (आत्मानं न पीडयेत्) अपने को पीड़ा न हो॥६८॥