Adhyay 3

Manusmriti

Shloka 6 Chapter Three

Adhyay 3
Shloka 6

Chapter Three

Subject: समावर्तन, विवाह एवं पञ्चयज्ञविधान

286 Shloka
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Adhyay 3 Shloka 6
Shloka
महान्त्यपि समृद्धानि गोऽजाविधनधान्यतः। स्त्रीसंबन्धे दशैतानि कुलानि परिवर्जयेत्॥

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Subject
विवाह में त्याज्य कुल
Meaning
(स्त्री संबन्धे एतानि दशकुलानि) विवाह में नीचे लिखे हुये दश कुल (गो+ अजा + अवि + धनधान्यतः समृद्धानि महान्ति अपि) चाहे वे गायत्रादि पशु, धन और धान्य से कितने ही बड़े हों (परिवर्जयेत्) उन कुलों की कन्या के साथ विवाह न करे॥६॥