Adhyay 2

Manusmriti

Shloka 11 Chapter Two

Adhyay 2
Shloka 11

Chapter Two

Subject: संस्कार एवं ब्रह्मचर्याश्रम-विषय

224 Shloka
2/11
Adhyay 2 Shloka 11
Shloka
गर्भाष्टमेऽब्दे कुर्वीत ब्राह्मणस्योपनायनम्। गर्भादेकादशे राज्ञो गर्भात्तु द्वादशे विशः॥

Available Bhashyas

1 Bhashyas
Subject
उपनयन संस्कार का सामान्य समय
Meaning
(ब्राह्मरणस्य) ब्राह्मण के बालक का (उपनायनम्) उपनयन = गुरु के पास पहुंचाना अर्थात् यज्ञोपवीत संस्कार (गर्भाष्टमे अब्दे) गर्भ से आठवें वर्ष में (कुर्वीत) करे, (राज्ञः) क्षत्रिय के बालक का (गर्भात् + एकादशे) गर्भ से ग्यारहवें वर्ष में, और (विशः) वैश्य के बालक का (गर्भात् द्वादशे) गर्भ से बारहवें वर्ष में उपनयन संस्कार करना चाहिए॥११॥