Adhyay 11

Manusmriti

Shloka 246 Chapter Eleven

Adhyay 11
Shloka 246

Chapter Eleven

Subject: प्रायश्चित विषय

266 Shloka
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Adhyay 11 Shloka 246
Shloka
यथैधस्तेजसा वह्निः प्राप्तं निर्दहति क्षणात्। तथा ज्ञानाग्निना पापं सर्वं दहति वेदवित्॥

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1 Bhashyas
Meaning
(यथा वह्निः तेजसा) जैसे अग्नि अपने तेज से (प्राप्तं एध: क्षणात् निर्दहति) समीप आाये काष्ठ आदि इंधन को तत्काल जला देती है (तथा) वैसे ही (वेदवित्) वेद का ज्ञाता (ज्ञान-अग्निना सर्व पापं दहति) ज्ञान रूपी अग्नि से सब आने वाली पापभावना को जला देता है— पापसंस्कारों को भस्म कर देता है ॥२४६॥